CPI (ML) came out in support of ASHA worker and facilitator’s strike for 32 days

 

आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के 32 दिनों से चल रहे हड़ताल के समर्थन मे उतरा भाकपा माले

आरा (आकाश कुमार): आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के 32 दिनों से चल रहे हड़ताल के समर्थन मे उतरा भाकपा माले और बिहार राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ गोप गुट.आज आरा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र के प्रांगण मे आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के हड़ताल और के आलोक मे चल रहे धरना मे बिहार राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ गोप गुप और भाकपा माले के नेता और कार्यकर्ता सामिल हुए और आशा के आंदोलन का समर्थन किया. इस धरना कि अध्यक्षता बिनोद यादव ने की.इस धरना मे सैकड़ों की संख्या मे आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर मौजूद थी.धरना स्थल पर एक सभा का आयोजन हुआ तथा आशा कार्यकर्ता ने मोदी सरकार के खिलाफ एक खुबसुरत गीत पेश की और सरकार बिरोधी नारे लगाए।आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के धरना को संबोधित करते हुए अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ गोप गुप के जिला सचिव उमेश सुमन ने कहा कि आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के 9सूत्री मांगों का हम समर्थन करते है तथा एकजुटता प्रदर्शित करते है और इन मांगों का स्मार-पत्र हम जिला पदाधिकारी को सुपुर्द करेंगे. श्री उमेश सुमन ने कहा कि हम बिहार सरकार से मांग करते है कि वे पुरानी पेंशन नीती लागू करे.श्री सुमन ने कहा कि आशा सहित सभी स्किम वर्कर को सरकारी कर्मी सरकार घोषित करे.
सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले राज्य कमिटी सदस्य क्यामुद्दीन अंसारी ने कहा कि आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के मिलने वाले 1000 पारितोषित को बढा कर 10,000 रु मानदेय सरकार दे तथा उन्हें राज्य कर्मचारी का दर्जा शीध्र दी जाय. माले नेता क्यामुद्दीन अंसारी ने आशा कार्यकर्ता और फैसिलिटेटर के सभी जाय मांगों को स्विकार कर हड़ताल तोड़वाने का प्रयास करना चाहिए क्योंकि इस हड़ताल से राज्य की स्वास्थ्य सेवा चरमरा गयी है.टिकाकरण बंद हैं।
इस धरना मे सामिल प्रमुख लोगों मे शकुन्तला कुमार,जिला सचिव आशा संघ,शांति कुंवर,देवंती देवी,कांति देवी, संध्याकुमारी,विनोद कु. यादव, वकील सिंह, रमेश कुमार यादव, मो.समीम,रामाकांत जी थे